नागौर (प्रदीप कुमार डागा) – समाज में फैली कुरीतियों को मिटाने में युवा वर्ग स्वयं आगे आकर पहल कर रहा है जिससे समाज में धीरे-धीरे एक नई सोच विकसित हो रही है ऐसा ही एक उदाहरण पेश किया है। जिला मुख्यालय स्थित राठौड़ी कुआ मोहल्ले के प्रकाश साँखला ने जिन्होंने अपनी शादी में दहेज जैसी सामाजिक कुरीति को मिटाने की पहल की है। इंडियन नेवी में टेक्निकल ऑफिसर के पद पर कार्यरत प्रकाश का विवाह लाडनूं के दुजार गांव की सरकारी अध्यापिका कुसुम सैनी के साथ तय हुआ जिसमें दूल्हे प्रकाश ने बिना किसी दहेज या नगद राशि के केवल एक रुपया और नारियल लेकर विवाह संपन्न किया। उन्होंने बताया कि रिश्ते में उनके चाचा बजरंग साँखला सरकारी शिक्षक एवं सामाजिक कार्यकर्ता हैं जिनके आग्रह पर परिवार ने सहर्ष यह निर्णय लिया साथ ही इससे प्रेरित होकर प्रकाश की छोटी बहन डिम्पल के विवाह में उनके पति पंकज टाक व ससुर गोपालराम टाक और राजकीय सेवा में कार्यरत प्रकाश के साले लोकेश सैनी ने सुनीता सैनी के साथ सम्पन्न हुए। विवाह में बिना किसी दहेज या उपहार के केवल एक रुपया और नारियल लेकर विवाह किया। लोकेश के चाचा राजेन्द्र टाक सरकारी शिक्षक हैं जिन्होंने परिवार में चर्चा कर बिना दहेज अपने भतीजे की शादी करने का निर्णय सर्वसम्मति से लिया। इस प्रकार एक ही परिवार में तीन शादियां बिना दहेज के सम्पन करके समाज के सामने एक अनुकरणीय पहल की है।
