
सीसवाली/बारा ( फ़िरोज़ ख़ान ) – माता भगवती देवी देव संस्कृति महिला कृषि/कन्या महाविद्यालय सीसवाली में बुधवार के दिन वार्षिक उत्सव व छात्राओं का विदाई समारोह महामंडलेश्वर डॉ हेमानन्द सरस्वती के मुख्य आतिथ्य में संपन्न हुआ।समारोह के दौरान छात्राओं ने एक से बढ़कर एक सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत कर अतिथियों का मन मोह लिया।
माता भगवती देवी महाविद्यालय के प्राचार्य राकेश सोलंकी ने बताया कि गत कई वर्षों की भाँति इस वर्ष भी वार्षिक उत्सव की शुरुआत 4 मार्च के दिन कलश यात्रा के साथ प्रारंभ हुआ। 5 मार्च के दिन हरिद्वार से आई प्रतिनिधि टोली ने सुमधुर भजनों व प्रवचनों से वातावरण को अलौकिक बना दिया। 6 मार्च बुधवार के दिन प्रातः हवन से कार्यक्रम की शुरुआत हुई। जिसमें सीसवाली सहित आसपास के गांवों के सैंकड़ों धर्मप्रेमियों ने हवन में आहुतियां प्रदान कर धर्मलाभ उठाया । इसके पश्चात दोपहर एक बजे वार्षिक उत्सव समारोह गुरु वंदना , स्वागत गान व गणेश वंदना से शुरू हुआ। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि मौजी बाबा की गुफा की महामंडलेश्वर पूज्य साध्वी हेमानन्द सरस्वती , अध्यक्षता महाविद्यालय के संस्थापक-संरक्षक रामेश्वर प्रसाद नेनीवाल द्वारा की गई। वहीं विशिष्ट अतिथि भारत-तिब्बत सहयोग मंच के प्रदेश अध्यक्ष अरविंद कौशल , हरिद्वार से आए प्रतिनिधि सुखदेव सिंह , महाविद्यालय सदस्य उमा राठौर व महाविद्यालय प्रबंध निदेशक डॉ शशि दुबे थीं। दीप प्रज्वलन के पश्चात महाविद्यालय की छात्राओं ने खेती में रसायनिक खाद व दवाइयों के अंधाधुंध प्रयोग से कठोर व अनुपजाऊ हो रही धरती माता की व्यथा को नृत्य नाटिका के माध्यम से प्रस्तुत किया , जिसे देखकर दर्शक पलकें झपकाना भूल गए। नृत्य नाटिका के माध्यम से रसायनिक खेती को छोड़कर परम्परागत खेती अपनाने तथा जल व पर्यावरण संरक्षण कर धरती माता को बांझ होने से बचाने का करुणामय संदेश दिया। वहीं छात्राओं के दूसरे दल ने रामायण धारावाहिक के प्रसिद्ध गीत ” हम कथा सुनाते….” पर कार्यक्रम प्रस्तुत कर श्रोताओं को भावविभोर कर दिया। योग रखे निरोग की थीम पर सूर्य नमस्कार व अन्य कठिन योग पर आधारित नृत्य नाटिका ने दर्शकों को मन्त्रमुग्ध कर दिया।
