बारा ( फ़िरोज़ ख़ान ) – अपर जिला एवं सेशन न्यायाधीश छबडा सुश्री प्रीति नायक ने हत्या के 15 वर्ष से अधिक पुराने मामले का निस्तारण करते हुए आरोपियों को आजीवन कारावास व 55000 रुपए से अर्थदंड से दंडित किया है।
अपरलोक अभियोजक रईस अहमद खान ने बताया है कि नहर के पानी की वजह से जनवरी 2008 को नंदकिशोर धाकड़ व मुलजिमों के मध्य झगड़ा हुआ था और मुल्जिमान महेंद्र सिंह, भीमा उर्फ किशन, ललित, भेरूलाल, भगवान सिंह और सभी ने एक राय होकर नंदकिशोर धाकड़ की हत्या कर दी थी। मृतक नंदकिशोर की ओर से फरियादी जगदीश ने थाना छिपाबड़ौद में रिपोर्ट दर्ज कराई ऐसे में पुलिस ने परिवादी की रिपोर्ट के आधार पर आरोपियों को धारा 302, 307, 323, 324 के मामला दर्ज कर जांच शुरू की अनुसंधान पूर्ण होने पर पुलिस ने न्यायालय में चालान पेश किया। अभियोजक पक्ष की ओर से संपूर्ण गवाह लिया जाकर न्यायालय ने अभियुक्त गणों को दोषसिद्ध करते हुए 302 के मामले में आजीवन कारावास की सजा व 55000 रुपए का जुर्माना से अर्थदंड से दंडित किया है।
