बूंदी ( नीरज गौड़ ) – नैनवां शहर के बिजलवा रॉड पर स्थित पालिका के डंपिंग यार्ड में एकर्तित किये जाने वाले विभिन्न प्रकार के कचरे के जलने से प्रति दिन सैकड़ो टन कार्बनडाई गैस सहित अन्य जहरीली गैस नैनवां शहर व आस पास के क्षेत्र में फेल रही है। इसी डंपिंग यार्ड के पास ही ट्रॉमा सेंटर बिल्डिंग का निर्माण जारी है। प्रत्यक्ष दर्शियों व क्षेत्र के निवासियों अनुसार डंपिंग यार्ड में लगातार इसी तरह कचरा जलाया जाता है जिसकी दुर्गंध दूर दूर तक फेल जाती है। इस तरह संघरित कचरे का निष्पादन पर्यावरण के लिए बड़ा खतरा बन सकता है।
सरकार का प्रयास उनके विभाग ही कर रहे फेल – एक ओर सरकार प्रति वर्ष हजारो करोड़ रूपये पर्यावरण को बचाने में खर्च कर रही है वही दूसरी ओर सरकार की ही एजेंसियां पर्यावरण को प्रदूषित होते देख कर भी मौन है। यही हाल पिछले कुछ सालों से लगातार देखे जा रहे है जो यदि लगातार जारी रहे तो संभवता भारत का ग्रामीण व शहरीय क्षेत्र सुरक्षित नही रह सकेगा। वो दिन दूर नही जब हमे हर जगह ऑक्सीजन सिलेंडर भी साथ लेकर चलना होगा।
आप पर्यावरण को बचाये वो आपको बचाएगा – इस बात से इनकार नही किया जा सकता कि पर्यावरण प्रदूषण के दुष्परिणाम जिन्हें हम आज देख रहे है वे भविष्य में ओर अधिक विकराल रूप में सामने आने वाले है। ऐसे में वर्तमान समय मे इस तरह सोच समझ कर प्रदूषण को बढ़ाना या होने देना हम सभी का कल नष्ट कर सकता है।
